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न्यायपालिका का आदेश सम्माननीय, कार्यकर्ता आहत लेकिन चट्टान सा मजबूत:-ओंकार सिंह

Jagdeep Singh by Jagdeep Singh
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न्यायपालिका का आदेश सम्माननीय, कार्यकर्ता आहत लेकिन चट्टान सा मजबूत:-ओंकार सिंह
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निर्णय का अध्यन्न करके उच्च न्यायालय मे अपील करेंगे।

दिल्ली की अदालत द्वारा इनैलो सुप्रीमो चौधरी ओम प्रकाश चौटाला जी को सजा दिए जाने पर इनैलो प्रदेश प्रवक्ता ओंकार सिंह ने प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए कहाकि अदालत के फैसले का हम सम्मान करते हैं। फैसला हमारे लिए चुनोतिपूर्ण है जिससे पार्टी के प्रत्येक सदस्य के साथ साथ देश व प्रदेश का प्रत्येक व्यक्ति आहत भी है। इस चुनोती स्वीकार करते हुए पार्टी का प्रत्येक कार्यकर्ता जनता के बीच जाएगा और जनता की अदालत में न्याय की गुहार लगाएगा। न्यायलय के आदेश की सम्पूर्ण प्रति मिलने पर उसका अध्यन्न करके उच्च न्यायालय में फैसले की अपील लगाई जाएगी। 90 प्रतिशत अपंग और 88 वर्ष की उम्र में आए इस फैसले से पार्टी का प्रत्येक सदस्य दुखी व आहत तो है लेकिन पूर्ण रूप से फैसले का सम्मान करता है। व्हीलचेयर पर देश के सबसे वयोवृद्ध व सबसे समझदार व दबंग नेता को न्यायलय द्वार दी गयी सजा की अपील उच्च न्यायालय में की जाएगी और हमे पूरी आशा व उम्मीद है कि उच्च न्यायालय चौधरी ओम प्रकाश चौटाला जी की उम्र व शारीरिक स्थिति का संज्ञान में लेते हुए उचित निर्णय देगा और हम सबको न्याय मिलेगा। ऐसे असंख्य मामले है जिनमे निचली अदालत के फैसले को उच्च न्यायालय ने न सिर्फ बदला है बल्कि फैसले में मूल परिवर्तन भी किया है। भारतीय न्याय व्यवस्था व न्याय प्रणाली की पूरे विश्व मे गूंज है। ऐसे अनेक मामले हैं जिनमे सर्वोच्च न्यायलय ने संसद तक के निर्णयों पर रोक लगाई है। केशवानन्द भारती के बहुचर्चित मामले में तो सर्वोच्च न्यायालय ने यह भी कह दिया था कि सविंधान के मूलभूत ढांचे या सविंधान की आत्मा के साथ छेड़छाड़ नही की जा सकती भले ही संसद में किसी पार्टी का कितना ही बहुमत क्यों न हो। ऐसी न्याय व्यवस्था पर हमे पूर्ण विश्वास है औऱ उम्मीद है कि उच्च न्यायालय परिस्थियों को ध्यान में रखते हुए हमारे हक में फैसला देगा।

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