अम्बाला छावनी :- गृह मंत्री के अपने विधानसभा क्षेत्र में बनने वाला वॉर हीरोज मेमोरियल स्टेडियम में हुआ घोटाला प्रदेश का अब तक का सबसे बड़ा स्टेडियम घोटाला है। इसमें अब तक की रिपोर्ट के अनुसार लगभग 66 करोड़ का घोटाला हुआ है। पुरे हरियाणा में एक ही कंपनी को फायदा पहुँचाने का काम किया जा रहा है। यह बात आज अम्बाला छावनी में स्टेडियम में हुए घोटाले को लेकर स्टेडियम के सामने चल रहे धरने पर गरजते हुए पार्टी की नेता चित्रा सरवारा ने कही।
चित्रा ने धरने पर आम आदमी को सम्बोधित करते हुए कहा की अम्बाला अन्तराष्ट्रीय फुटबॉल स्टेडियम बनने की अवधि 2 साल की थी स्टेडियम की राशि 3 गुना बड़ा दी जाती है,स्टेडियम बनने का बजट भी 3 गुना बड़ा दिया जाता है।उन्होंने कहा की 48.58 करोड़ के प्रोजेक्ट को 115.16 करोड़ का बना दिया गया। उन्होंने कहा की 115.16 करोड़ में से शायद 66 करोड़ का तो घोटाला ही हो गया अगर 66 करोड़ रुपये निकाल दें तो आज भी प्रोजेक्ट की लागत भी 49.16 करोड़ हो गई उन्होंने कहा की मतलब साफ है जो भी लगत में बढ़ोतरी हुई थी वो सिर्फ खाने वालो की थी उन्होंने कहा की क्या ये घोटाला सिर्फ अधिकारी और ठेकेदार कर गए क्या इस मामले की सीबीआई जाँच नहीं होनी चाहिए ?
उन्होंने खुद को ‘गब्बर सिंह’ के नाम से मशहूर हरियाणा के गृहमंत्री अनिल विज के ड्रीम प्रोजेक्टों पर तीखी टिपण्णी करते हुए कहा कि आखिर उनके ड्रीम प्रोजेक्ट में घपले करने वाले कितने और कौन कौन लोग हैं क्या गब्बर इस बात से खामोश है? भ्रष्टाचार मुक्त प्रशासन का दावा करने वाली भाजपा इस मामले में खामोश क्यों है? उन्होंने कहा कि प्रदेश की भाजपा सरकार को दिल्ली की आम आदमी पार्टी से सीख लेने की जरूरत है, वहीं उन्होंने प्रदेश सरकार को चेतावनी देते हुआ कहा कि अगर भाजपा सरकार अम्बाला छावनी में हुए घोटालो की उच्चस्तरीय जांच की घोषणा नहीं कि तो आम आदमी पार्टी की सरकार आने पर इन सभी प्रोजेक्टों की गहनता से जाँच की जाएगी और जो भी दोषी पाया जायेगा उसके खिलाफ कड़ी कार्यवाही की जाएगी I
चित्रा ने कहा की आज हरियाणा के मुख्यमंत्री और गृह मंत्री फुटबाल स्टेडियम में हुए महाघोटाले की सीबीआई या न्यायिक जांच करवाएं या ना करवाएं…एक जांच आज हर अम्बाला और प्रदेश के हर आम आदमी,महिला व युवा के दिमाग में बैठ चुकी है किस किस प्रोजेक्ट में किस किस ने कितने कितने पैसे लिए.फैसला भी जनता आने वाले समय में सुना देगी I
चित्रा सरवारा ने भाजपा-जजपा गठबंधन सरकार पर गरजते हुए कहा कि अंबाला छावनी में बने वॉर मेमोरियल में बदलाव कर इंटरनेशनल फीफा एप्रूव्ड फुटबॉल स्टेडियम बनाने का पहला टेंडर 2017 में किया गया। उस समय उसकी कीमत 48.58 करोड़ रुपये का यह टेंडर किया गया। जींद की एजेंसी गर्ग एंड कंपनी ने यह टेंडर 40 करोड़ रुपये में उठाया। टेंडर की शर्तों के अनुसार यह काम साल 2019 में अप्रैल माह तक पूरा होना था। मगर यह काम पूरा नहीं हुआ,बल्कि इसकी लागत 2019 में बढ़कर 85.28 करोड़ रुपये हो गई, फिर भी पूरा नहीं हुआ। एक बार फिर इसकी अवधि दो साल बढ़ाकर मार्च 2022 तक कर दी गई। साथ ही इसकी लागत कीमत बढक़र 115.16 करोड़ रुपये हो गई। चित्रा ने कहा की 20 प्रतिशत से ज्यादा का काम अभी भी बकाया है, फिर भी सरकार द्वारा कंपनी को पूरी कीमत अदा कर दी I
चित्रा ने कहा कि आज भी इसका काम 20 प्रतिशत से ज्यादा बकाया है,मगर निर्माण करने वाली कंपनी को इसकी सारी कीमत पहले ही अदा हो चुकी है। उन्होंने कहा कि जनवरी 2022 में इस बात का खुलासा हुआ कि इसमें भारी अनियमितताएं हैं तो हमने तुरंत देश के प्रधानमंत्री नरेंदर मोदी ,प्रदेश के मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर,गृह मंत्री अमित शाह को पत्र लिखकर उच्चस्तरीय जांच करवाने की मांग की
स्टील खरीदने में हुई धांधली, एक ही एजेंसी को सभी टेंडर क्यों?
आप नेता चित्रा सरवारा ने कहा कि इस प्रोजैक्ट को बनाने केलिए जो स्टील खरीदा गया, उसमें भी बड़ी धांधली की गई।अधिकारियों ने जो स्टील खरीदा उसमें 62 रूपये से लेकर138 रुपये प्रति किलो तक का रेट लिया। इतना ही नहीं पूरे प्रोजेक्ट के लिए 33 हजार कविंटल स्टील खरीदा जाने का अनुमान था, जबकि असलियत में 13 हजार 500 कविंटल ख़रीदा गया और मौके पर 3270 क्विंटल ही लगा पाया गया । उन्होंने कहा कि सबसे ज्यादा हैरानीजनक बात यह है कि आज भी हरियाणा के 60 प्रतिशत से ज्यादा काम इसी कंपनी को दिए जा रहे हैं।
कंपनी को ब्लैकलिस्ट क्यों नहीं कर रही सरकार*
चित्रा सरवारा ने कहा कि इनमें 200 बेड के बन रहे अस्पताल व डाक्टर्स के लिए बन रहे क्वार्टर, आर्यभट्ट विज्ञान केंद्र,लघु सचिवालय,होम्योपैथिक हॉस्पिटल,राजकीय महिला कॉलेज के भवन समेत पशु चिकित्सालय में भी घोटाला हुआ है। इतनी सारी अनियमितताएं एक ही कंपनी की ओर से किये जाने के बावजूद उसे ब्लैक लिस्ट करने की बजाय उसी को बार बार काम देने पर सरकार व इसके अधिकारियों पर सवालिया निशान खड़ा करता ही है। रोजाना भ्रष्टाचार मुक्त करने का दावा करने वाली भाजपा सरकार इस बड़े घोटाले पर खामोश है। इस ‘घोटाले’ के असली ठेकेदार कौन हैं, क्या इस बात की सीबीआई या न्यायिक जांच नहीं बनती इन बातो का जवाब आज जनता हरियाणा के मुख्यमंत्री और हरियाणा के गृहमंत्री से कर रही हैI
इस अवसर पर चित्रा के साथ मुख्यरूप से आम आदमी पार्टी के जिलाध्यक्ष मास्टर गुरचरण सिंह जी,जिला संगठन मंत्री गगनदीप सिंह कपूर,महिला जिला अध्यक्ष सरिता शर्मा,योगेश्वर शर्मा संगठन सचिव उत्तरी जोन ,गुलजार सिंह,बरहमपाल राणा,विनोद धीमान,सुरेश त्रेहन,राजपाल राजा,वीरेंदर गाँधी,जरनैल सिंह,वंदना कौशल,पूजा,ऋतू,पूनम इत्यादि आम आदमी पार्टी के अनेको नेता व कार्येकर्ता मौजूद रहे I












