चंडीगढ़, 27-04-2023 (प्रेस की ताकत)– हरियाणा सरकार द्वारा योजनाओं एवं कार्यक्रमों के क्रियान्वयन में पारदर्शिता एवं जवाबदेही सुनिश्चित करने हेतु सामाजिक न्याय, अधिकारिता, अनुसूचित जाति एवं पिछड़ा वर्ग कल्याण एवं धर्मस्व (सेवा) की 10 सेवाएं विभाग। योजनाओं की सोशल ऑडिटिंग शुरू की जाएगी। चालू वित्त वर्ष 2023-24 में राष्ट्रीय सामाजिक सहायता कार्यक्रम, 15वें वित्त आयोग अनुदान और स्वच्छ भारत मिशन जैसी अन्य योजनाओं का भी संचालन किया जाएगा।
मुख्य सचिव श्री संजीव कौशल ने आज यहां महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी अधिनियम (मनरेगा) के सोशल ऑडिट के लिए हरियाणा सोसायटी गवर्निंग बॉडी की दूसरी बैठक की अध्यक्षता करने के बाद यह जानकारी दी। उन्होंने कहा कि निदेशक सोशल ऑडिट यूनिट PMY0G, 15वीं FCGS, MBAM, NASAP, रूर्बन मिशन, वरिष्ठ नागरिक गृह, सेवानिवृत्ति केंद्र, प्रो-मैट्रिक और पोस्ट मैट्रिक छात्रवृत्ति, पीएम-अजय, बाबू जगजीवन राम छात्रावास, आवासीय विद्यालय, अनुसूचित जाति, यह विभिन्न विकास योजनाओं जैसे जनजाति कर्ज योजना और हिंसा से संबंधित मामलों का सामाजिक अंकेक्षण करने के लिए एक वार्षिक कैलेंडर तैयार करेगा।
बैठक में सामाजिक लेखापरीक्षा इकाई को सुदृढ़ करने के लिए जिला स्तर पर उपखण्ड अधिकारी (नागरिक) की अध्यक्षता में तीन सदस्यों की एक समिति गठित करने का निर्णय लिया गया। इसके प्रखंड विकास एवं पंचायत अधिकारी व एसडीओ पंचायती राज भी सदस्य होंगे. समिति सामाजिक अंकेक्षण करने के लिए ग्राम संसाधन व्यक्ति की पहचान करेगी। शासी निकाय ने टीए, डीए सहित ग्राम संसाधन व्यक्ति के पारिश्रमिक को 500 रुपये से बढ़ाकर 650 रुपये प्रति कार्य दिवस करने के प्रस्ताव को मंजूरी दी।
अपर मुख्य सचिव, ग्रामीण विकास अनिल मलिक ने कहा कि मनरेगा योजना का सोशल ऑडिट सामाजिक जवाबदेही और पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए समुदाय आधारित संगठनों और अन्य स्थानीय गैर सरकारी संगठनों के सहयोग से किया जा रहा है. सोशल ऑडिट यूनिट ने हरियाणा के सभी 22 जिलों से 824 ग्राम संसाधन व्यक्तियों की पहचान की है और उन्हें प्रशिक्षित किया है। इनमें स्वयं सहायता समूहों, सामाजिक संगठनों और ग्राम समूहों के सदस्य शामिल हैं।
अतिरिक्त मुख्य सचिव वित्त अनुराग रस्तोगी, उप महालेखाकार लखविंदर सिंह चहल, मुख्य कार्यकारी अधिकारी हरियाणा राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन डॉ. अमनिंदर कौर, निदेशक ग्रामीण विकास डॉ. डॉ. जयकिशन अभीर, अतिरिक्त श्रम आयुक्त। बैठक में अनुराधा लांबा, निदेशक, सामाजिक लेखा परीक्षा इकाई, अजय शर्मा और सामाजिक विकास विशेषज्ञ जसप्रीत कौर ने भाग लिया।











