छिंदवाड़ा(भगवानदीन साहू)- केंद्र सरकार और राज्य सरकार की मंशानुरूप कैदियों के आध्यात्मिक उत्थान हेतु प्रतिमाह परम पूज्य संत श्री आशाराम जी बापू की कृपा पात्र शिष्या साध्वी प्रतिमा बहन और साध्वी रेखा बहन का सत्संग आयोजित होता हैं । इसी कड़ी में आज साध्वी रेखा बहन का सत्संग सम्पन्न हुआ । साध्वी बहन ने पितर पक्ष के पावन पर्व पर की महिमा से अवगत कराया । साध्वी बहन ने बताया कि हम सब हमारे पूर्वजों या पितरों के ऋणी हैं। पितरों ने हमें नाम दिया , शरीर दिया , गोत्र दिया और जीवन दिया । इसलिए पितरों के प्रति कृतज्ञता व्यक्त करना ही श्राद्ध है । जिन – जिन मनुष्य के विवाह नही हो रहें हैं या विवाह हो गया है आपस मे जम नहीं रही है या पुत्र सुख से वंचित हैं या रोजी रोटी में समस्या आ रही है या जबरन जेल यात्रा हो रही है तो ज्योतिष लोग बताते हैं कि कुंडली में पितृ दोष है । इस दोष के निवारण हेतु पितरों का विधिवत तर्पण आवश्यक है । अब किसी कारणवश पूर्ण विधि विधान से हम तर्पण या पिंड दान नहीं कर पाते तो श्री मद भगवदगीता के 7 वें अध्य्याय का पाठ कर पितरों को पुण्य अर्पण करने से भी पितरों की सदगति होती है और हम सभी को मनवांछित फल की प्राप्ति होती है । देशभर में लगभग 1300 जेल में वहाँ पूज्य बापूजी के आशीर्वाद से स्थानीय साधक या समिति वाले जाकर यह सेवा कार्य करतें हैं । खजरीं आश्रम में सर्व पितृ मोक्ष अमावस्या प्रतिवर्ष मनाई जाती है । जहां शहर के लोग भी जाकर पितरों का विधिवत तर्पण करतें हैं । जो लोग गया जी या प्रयागराज नही जा पातें, वो खजरीं आश्रम आकर यह पूजा पाठ करतें हैं। इस वर्ष सर्व पितृ मोक्ष आमवस्या 21 सितंबर को आ रही हैं । जिला जेल में निवासरत लगभग 850 बंदी भाइयों के साथ सैकड़ों स्टॉफ़ के कर्मचारियों ने भी पितरों का तर्पण किया । बंदियों ने जीवन में पहली बार ऐसी पूजा देखकर भाव विहोर हुए । सभी ने साध्वी बहनों को साधुवाद कहा । इस अवसर पर साध्वी प्रतिमा बहन , खजरीं आश्रम के संचालक जयराम भाई , समिति के अध्यक्ष मदन मोहन परसाई ,सुभाष इंगले , सन्नी गोधवानी ,पी. आर. शेरके ,गणराज ठवरे , बबलू माहोरे , विमल शेरके , दीपा डोडानी ,मीना गोधवानी , प्रीति सोंनारे , रुपाली इंगले मुख्य रूप से उपस्थित थे । समिति के अध्यक्ष मदनमोहन परसाई ने जिला जेल अधीक्षक प्रतीक जैन का भव्य कार्यक्रम के आयोजन के लिए आभार व्यस्त किया ।












